रोज़ रोते😓 हुए कहती है #ज़िन्दगी, एक #बेवफ़ा के लिए मुझे #बर्बाद🙁 मत कर !!

यादें 🤔क्यों नहीं❓ बिछड़ 😣जाती,
#लोग तो👉_पल में #बिछड़ 😥जाते हैं !!

मुझको #छोड़ने की वजह 😧तो बता देते,
मुझसे #नाराज😨 थे या मुझ जैसे हज़ार😤 थे !!

पलकों में आँसू और दिल में दर्द 💔 सोया है ,
हँसने वालों को क्या पता रोने 😭 वाला किस कदर रोया 😭 है।

अब अकेला नहीं रहा मैं यारों ….
 मेरे साथ अब मेरी तन्हाई भी है।

अल्फ़ाज़ के कुछ तो कंकर फ़ेंको,
यहाँ झील सी गहरी ख़ामोशी है।

हुस्न वाले जब तोड़ते हैं दिल किसी का,
बड़ी सादगी से कहते है मजबूर थे हम….

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